मुजरिया पशुशाला मे गायों की हो रही दुर्दशा की शिकायत मुख्यमंत्री से की।
बदायूं
सहसवान के थाना मुजरिया चौराहे पर बनी जिला पंचायत की गौशाला मे लगभग पचास गाय एंव वछडों अधिकांश संख्या थी| जो धीरे धीरे घटकर चौदह रह गयी।
गौशाला का लेखा जोखा जिला पंचायत के कर्मचारी रहते है| गौशाला मे गाय एंव बछडों के बीमार पडने से संख्या घटकर मात्र चौदह रह गयी।पशुपालन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार आख्या मौजूद है। जबकि प्रदेश के मुख्यमंत्री गायों के पालन पर इतना बडा कार्यक्रम चलाकर गौसेवा करने को जगह जगह गौशालाओं का निर्माण कराकर आर्थिक मद्द करके संचालन किया जा रहा इस मिशन का उल्लंघन करते गायो की दुर्दशा हो रही है।
गौरतलब है कि जनपद बदायूं के तहसील बिल्सी व विकास क्षेत्र सहसवान व थाना मुजरिया पर जिलापंचायत से निर्मित गौशाला मे चौदह गाय जिला पंचायत की जहां पर दो कर्मचारी गायो की सेवा करने को रहते थे।वही पर कौल्हाई गांव की छत्तीस गायों का पालन व रख रखाव तथा कुछ गाये सुफर्दगी मे दे दी गयी कुछ गाये चारे के अभाव मे मरणासन्न की स्थिति मे आकर मर गयी।
पशुपालन विभाग से जानकारी करके पता चला कि वर्तमान मे आठ गाये जिला पंचायत की तथा छ: गाय कौल्हाई की शेष बची है। उनका पालन पोषण हो रहा है। जब कि दो व्यक्ति रस्सी मे तीन तीन गायो को बांध कर बेदर्दी से पुलिस पिकट के सामने ही घसीटते हुए ले गए।
पुलिस पिकेट ने इस मामले मे कोई गम्भीरता नही दिखाई बल्कि मूक दर्शक बनी देखती रही|
जिससे क्षेत्र के गौं माता प्रेमियों ने आक्रोश की लहर दौंड गयी है।गौमाता प्रेमियों ने पशुशाला मुजरिया मे गायों की हो रही दुर्दशा की जांच कराएं जाने के साथ ही दोषी लोगो के विरूद्ध कार्यावही किएं जाने की मांग की है।