*जनपद शाहजहांपुर में बेगम के साथ निकलते लाटसाहब, मुस्लिम करते स्वागत*
जनपद शाहजहांपुर से जितेंद्र कुमार कश्यप की रिपोर्ट
लाट साहब की जूतामार होली के लिए विश्व विख्यात शाहजहांपुर के गांवों में भी अजब गजब ढंग से होली मनाई जाती है। थाना रोजा के गांव बरमौला अर्जुनपुर इसकी मिसाल है। यहां दशकों से बेगम संग लाटसाहब जुलूस निकालने की परंपरा निभाई जा रही है वह भी हुक्का बैंडबाजा और होली के फाग के एचएचजी
शाहजहांपुर लाट साहब की जूतामार होली के लिए विश्व विख्यात शाहजहांपुर के गांवों में भी अजब गजब ढंग से होली मनाई जाती है। थाना रोजा के गांव बरमौला अर्जुनपुर इसकी मिसाल है। यहां दशकों से बेगम संग लाटसाहब जुलूस निकालने की परंपरा निभाई जा रही है, वह भी हुक्का, बैंडबाजा और होली के फाग के साथ। खास बात यह है कि इस जुलूस में हिदूओं के साथ मुस्लिम भी शामिल होते हैं। वह लाट साहब और उनकी बेगम को सम्मान स्वरूप धनराशि व स्वरूप उपहार भी भेंट करते हैं।
होलिका दहन के बाद सुबह आठ बजे के गांव के लोग एक ठेली पर लाट साहब व उनकी बेगम को बैठाते हैं। कुछ लोग बड़ा का हुक्का लाते हैं। लाटसाहब जिन्हें पूर्व में नवाब कहा जाता था, बेगम के सात हुक्का पीते हैं। इसके बाद बैंडबाजे पर नाचते गाते व स्वांग रचाते हुए गांव में हर किसी के दरवाजे पर जाते हैं। हर कोई लाट साहब व उनकी बेगम को रंग लगाने के साथ फाग स्वरूप धनराशि देता है। हिदुओं के साथ ही मुस्लिम समाज के लोग भी लाटसाहब का खाद्यान्न व धनराशि से सत्कार करते हैं।
कड़ी सुरक्षा में निकाला जाता जुलूस
लाटसाहब के जुलूस में पुलिस बल भी मौजूद रहता है। हालांकि यह व्यवस्था कुछ सालों पूर्व शुरू हुई। पहले गांव की कमेटी ही सुरक्षा का जिम्मा संभालती थी।
जुलूस देखने आते कई गांव के लोग
बरमौला में लाटसाहब के जुलूस को देखने के लिए पींग, सिसौआ, तोनी, छीतेपुर, रसूलापुर, बंदरिया, आटा, गौरिया गांव के लोग भी आते हैं। जुलूस में शामिल होकर होली खेलते हैं। होली के गीत भी गाए जाते हैं। रीडर कनेक्ट
लाटसाहब के जुलूस में हिदू मुस्लिम सभी शामिल होते हैं। करीब एक सप्ताह पहले से ही तैयारियां शुरू हो जाती हैं। हर किसी को जुलूस का इंतजार रहता है।
अनिल मिश्रा, पूर्व प्रधान होली व ईद प्रेम, एकता व भाईचारा का त्योहार है। हम होली पर जुलूस में शामिल होकर पूरा हाथ बंटाते हैं। हिदू भाई भी ईद पर हमारे घर आकर मुबारकबाद देते हैं। गंगा जमुनी तहजीब गांव में जिंदा है।
मुन्नन दर्जी वर्जन
बरमौला में लाटसाहब जुलूस में पर्याप्त सुरक्षा रहेगी। पुलिस मित्र भी जुलूस में सहयोग करेंगे। गांव में पूरी तरह सौहार्द का वातावरण रहता है।
दिनेश कुमार शर्मा, प्रभारी निरीक्षक थाना रोजा