*सहसवान कोतवाली चीता पुलिस अधिकारियों को गुमराह कर जमकर कर रहे छोटे दुकानदारों से अवैध वसूली*
तबरेज़ खान
आपदा मे अवसर लाकड़ाउन मे अपराध हुए कम कोतवाली मे आने वाले फरीयादियों की संख्या भी न के बराबर कोरोना काल मे चीता पुलिस गली कूचों मे बसे छोटे छोटे दूकानदारों से जमकर की कर रही वसूली ।
बदायूं सहसवान - आपदा मे अवसर दुकानदारों से वसूली का लगा चीता पुलिस पर आरोप अधिकारियों को गुमराह कर जमकर कर रहे है वसूली विरोध करने वालों की जमकर की जाती है पिटाई कोतवाल पंकज लवानिया के चार्ज सभालते ही अपराधों पर लगाम लग गई । इधर कोरोना कर्फ्यू लगा तो अपराध कम पड़ गया। चोरी-लूट की घटनाएं भी बंद हो गई । फरियादी भी पुलिस के पास आने कम हो गए हैं। पहले रोज पचास से भी अधिक फरियादी आते थे। अब उनकी संख्या पांच से दस रह गई है। इसको लेकर पुलिस ने भी राहत की सांस ली है । लेकिन इस बाबजूद कोरोना माहामारी के चलते गरीब दुककानदार गली कूँचों मे अपने घरों से सामान बेच कर अपने परिवार पालन पोषण कर रहे है ऐसे दुकानदारो को निशाना बनाकर जमकर वसूली कर रही चीता पुलिस कई दूकानदारों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया की यहाँ हजार से लेकर पाँच सौ रुपए लिए गए है । पैसे न देने पर दुकान सील करने की दी जाती है धमकी ज्यादा बहस करने कई दुकानदारों को जमकर पीटा गया ।