*धान की जमीनी हकीकत जानने मंडी पहुंचे डीएम, किसानों से की बातचीत*
*डीएम बोले, शासन ने टोकन व्यवस्था को खत्म किया, मानक के अनुरूप होने पर किसान तुरंत न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बेचे अपना धान*
लखीमपुर खीरी 30 अक्टूबर 2021: शनिवार को डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने कृषि उत्पादन मंडी समिति राजापुर पहुंच कर धान खरीद की जमीनी हकीकत जानी। उनके साथ सीडीओ अनिल कुमार सिंह एडीएम संजय कुमार सिंह भी मौजूद रहे।
डीएम ने करीब 12:30 बजे मंडी पहुंचकर वहां विभिन्न क्रय एजेंसियों के स्थापित धान क्रय केंद्र देखें। इस दौरान डीएम ने धान की गुणवत्ता भी देखी। उन्होंने निर्देश दिए कि यदि किसान का धान भीगा है तो उसे सुखाकर उसकी खरीद करें। इस दौरान उन्होंने किसान सलक्षण सिंह से बातचीत की, किसान ने बताया कि उनकी खरीद हो रही है। डीएम ने पूछा कोई पैसा तो नहीं मांग रहा। किसान बोला नहीं साहब। मोतीपुर ओयल निवासी किसान राकेश बिहारी त्रिपाठी से बातचीत के दौरान डीएम ने बताया कि शासन ने टोकन व्यवस्था को खत्म कर दिया है। धान मानक के अनुरूप होने पर अपने मनचाहे सेंटर पर जब चाहे बिक्री कर सकता है। इस दौरान उन्होंने धान बेचने क्रय केंद्र पर आए किसान हरजीत सिंह,गुरमेज सिंह, अवतार सिंह से मुलाकात कर पूछा कि उन्हें धान विक्रय में कोई असुविधा तो नहीं हुई।
डीएम ने मंडी सचिव से मंडी में नीलामी प्रक्रिया की जानकारी लेकर निर्देश दिए कि यदि किसी किसान का मानक विहीन धान है तो उसे नीलामी प्रक्रिया के जरिए वाजिब मूल्य दिलाएं। मंडी सचिव ने बताया कि जिन किसानों द्वारा तत्काल पैसे की जरूरत पर नीलामी के जरिए बिक्री की जाती है, उनसे सहमति पत्र भी लिया जाता है। डीएम ने सहमत पत्र की पंजिका देखी। जिसमें अंकित किसान जिया उल हक से फोन पर बातचीत कर नीलामी के जरिए धान बेचने का कारण जाना। किसान ने डीएम को बताया कि उसे पैसे की सख्त जरूरत थी इसलिए उसने अपना धान नीलामी के जरिए बेचा ताकि उसे तत्काल पैसा मिल सके। इस दौरान उपजिलाधिकारी सदर राजेश कुमार, मंडी सचिव, मार्केटिंग एवं सहकारिता के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।