सीएससी रामनगर में दवाओ की कमियां, मरीजों को जरूरी दवाएं बाहर से जा रही लिखी
जिले पर दवां की नहीं की गई डिमांड, जिम्मेदार बेखबकर रही है कि दवाओं की कोई कमी नहीं नहीं मिल रहा है।
रामनगर / बाराबंकी
सामुदायिक है तो वही सीएचसी रामनगर में बदलते. क्या कहा सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर स्वास्थ्य केंद्र रामनगर में दवाओ का टूटा मौसम में बीमारियों की कई दवाओं का लव भूषण गुप्ता ने है। मरीजो को लिखी जा रही बाहर से टोटा है। बताते चलें कि इन दिनों दाद इस संबंध में जब संवाददाता ने सीएचसी अधीक्षक डॉ० एलबी गुप्ता से पूछा तो उन्होंने कहा कि हो सकता है खत्म हो गई हो शीघ्र ही डिमांड भेजी जाएगी।
दवाइयां ।
रामनगर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत गांव में इस समय बुखार तेजी से फैल रहा है। सभी गावों में बुखार से कई परिवार पीड़ित हैं बच्चे, बूढ़े, जवान, महिलाएं सभी इन दिनों फैल रहे बुखार की चपेट में हैं। ऐसी दशा में रामनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर चिकित्सा हेतु जाने पर समुचित दवाई भी नहीं मिल पाती हैं। एक तरफ सरकार दावे पर दावे।
खाज व ओदी जैसी बीमारियां भी जोरों पर हैं तो इन सब मर्जो में लगाने वाली क्रीम का अभाव भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर में है वहीं डॉक्टर छोटे बच्चों को बुखार में पेरासिटामोल सीरप लिखते हैं जो कि बुखार की इस समय बहुत ही महत्वपूर्ण दवा है वह भी सीएचसी रामनगर में उपलब्ध नहीं है। और तो और ओ०आर०एस० घोल का भी।
क्या कहा मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० अवधेश यादव ने हमारे संवाददाता ने जब मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अवधेश यादव से सीएचसी रामनगर में दवाओं के अभाव के संबंध में बात की तो उन्होंने कहा कि इस संबंध में हमें जानकारी नहीं है और यदि ऐसी बात है तो दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जाएगी । लेकिन सवाल यह है कि जब इन दिनों लोग एलर्जी के कारण चर्म रोग व बच्चे से लेकर बूढ़े तक सभी बुखार की चपेट में हैए बच्चों के लिए इस समय पेरासिटामोल सिरप व चर्म रोग हेतु स्किन क्रीम की आवश्यकता है तो उपलब्ध नहीं है। समय रहते यदि इन दवाओंकी डिमांड भेज दी जाती तो लोगों को दवाएं समय पर उपलब्ध हो जाती और उनको समुचित उपचार मिल जाता।